पंजाब में 5वीं के माडल प्रश्न पत्र से विवाद: पेंशन बढोतरी का विज्ञापन छापकर पूछे गए सवाल; अकाली दल का वार : बच्चों को प्रचार का जरिया बना रही कैप्टन सरकार


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जालंधर2 मिनट पहले

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प्रश्च पत्र में दिया गया विज्ञापन।

पंजाब में 5वीं के माडल प्रश्न पत्र को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। माडल प्रश्न पत्र में कैप्टन सरकार ने पेंशन की बढोत्तरी वाले सवाल पूछे हैं, जिनके ऊपर विज्ञापननुमा फोटो छापी है। इसका पता चलते ही शिरोमणी अकाली दल (बादल) ने कैप्टन सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि पंजाब की कांग्रेस सरकार अपनी मशहूरी के लिए अब इस तरह के काम करने पर उतर आई है। कैप्टन सरकार स्कूली बच्चों को प्रचार का जरिया बना रही है, जो पूरी तरह गलत है। हालांकि इस पर अभी सरकार की तरफ से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।

यह है प्रश्न पत्र में दिया विज्ञापन

पंजाब सरकार ने कुछ समय पहले पेंशन 750 से बढ़ाकर 1,500 की थी। इस इश्तिहार में बताया गया कि 27 लाख बुजुर्ग, विधवा, बेसहरा बच्चे व दिव्यांग लाभपात्रियों को यह बढ़ी हुई पेंशन मुहैया कराई जाएगी। इस पर पंजाब सरकार 4,800 करोड़ रुपए सालाना खर्च करेगी। अकाली दल इसे इश्तिहार इसलिए बता रहा है क्योंकि इसके ऊपर लिखा हुआ है कि गरीबों व जरूरतमंदों के लिए सामाजिक सुरक्षा यकीनी बनाने के लिए एक और वादा पूरा कर रहे हैं। इसके अलावा सवाल पूछते वक्त भी

यह पूछे गए सवाल

इसके बाद इस विज्ञापन से जुड़े दो सवाल पूछे गए हैं। जिनमें पहला सवाल है कि यह विज्ञापन किसके बारे में है। इसके बच्चे, बुजुर्ग, दिव्यांग व पेंशन वितरण के 4 विकल्प दिए गए हैं। दूसरा सवाल पूछा गया है कि बढ़ी हुई सामाजिक सुरक्षा पेंशन वितरण की शुरुआत कब हुई।

अकाली दल का ट्वीट।

अकाली दल का ट्वीट।

दलजीत चीमा बोले : अफसर CM को खुश करने के लिए यह सब कर रहे

अकाली दल के प्रवक्ता डॉ. दलजीत चीमा ने कहा कि विज्ञापन के भी कोई एथिक्स होते हैं। सरकार टीवी, अखबार व सोशल मीडिया पर विज्ञापन जारी कर करोड़ों रुपए खर्च कर रही है। अब सरकार की नजर बच्चों के क्वेश्चन पेपर पर भी पड़ गई है। उन्होंने कहा कि स्कूल को प्रचार का जरिया नहीं बनाना चाहिए। इसके बजाय बच्चों को उनकी रुचि के मुताबिक सवाल पूछने चाहिए। उन्होंने कहा कि पंजाब के सरकारी अफसर एक-दूसरे से आगे बढ़कर मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह को खुश करने में लगे हुए हैं। यह भी उसी का एक उदाहरण है।

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